
बलौदाबाजार में बस के भीतर वारदात: राधेश्याम बस सर्विस में महिला की चैन पार,भाटापारा से रावन आ रही महिला बनी शिकार, बस को सीधे कोतवाली ले जाया गया, संदिग्ध यात्रियों से पूछताछ जारी
बलौदा बाजार। चलती बस के भीतर चोरी की एक हैरान करने वाली घटना सामने आई है। भाटापारा से बलौदाबाजार की ओर आ रही राधेश्याम बस सर्विस में एक महिला के गले से सोने की चैन पार कर दी गई। घटना का पता चलते ही बस में हड़कंप मच गया और परिचालक ने तत्काल सूझबूझ दिखाते हुए बस को सीधे कोतवाली थाना ले जाकर खड़ा कर दिया।
उतरते वक्त हुआ अहसास, गायब हो चुकी थी चैन
पीड़ित महिला टाकेश्वरी साहू भाटापारा से अपने मायके रावन जाने के लिए बस में सवार हुई थी। यात्रा के दौरान सब कुछ सामान्य लग रहा था, लेकिन जैसे ही वह रावन में उतरने लगी, उसे अचानक एहसास हुआ कि उसके गले से सोने की चैन गायब है। कुछ ही पल में उसे समझ आ गया कि वह चैन स्नैचिंग का शिकार हो चुकी है।
कंडक्टर की तत्परता, बस पहुंची सीधे थाने
घटना की जानकारी मिलते ही महिला ने बस के परिचालक दीपक सिंह ठाकुर को बताया। परिचालक ने बिना देर किए बड़ा फैसला लिया और बस को यात्रियों सहित सीधे कोतवाली थाना बलौदाबाजार ले गया। इस दौरान बस में बैठे सभी यात्री भी थाने पहुंच गए, जहां पुलिस ने तुरंत जांच शुरू कर दी।
बस में ही शुरू हुई जांच, यात्रियों से पूछताछ?
पुलिस ने पीड़ित महिला की शिकायत पर बस में मौजूद सभी यात्रियों की जांच की।
* यात्रियों के नाम और पते नोट किए गए
* संदिग्ध यात्रियों, खासकर कुछ महिलाओं से पूछताछ की जा रही है
* बस के भीतर घटना की पूरी कड़ी जोड़ने की कोशिश की जा रही है
फिलहाल पुलिस इस बात का पता लगाने में जुटी है कि आखिर चैन किसने और कैसे पार की।
थानाप्रभारी का बयान
लखेश केंवट ने बताया कि राधेश्याम बस सर्विस की बस में महिला यात्री के साथ चैन स्नैचिंग की घटना सामने आई है। उन्होंने कहा कि शिकायत के आधार पर जांच की जा रही है और संदिग्धों से पूछताछ जारी है। जांच पूरी होने के बाद ही आरोपी के बारे में स्पष्ट जानकारी सामने आएगी।
बस नंबर और रूट
यह घटना बस क्रमांक CG 22 AG 9027 में हुई, जो भाटापारा से बलौदाबाजार होते हुए रावन की ओर जा रही थी।
यात्रियों में दहशत, सुरक्षा पर सवाल
इस घटना के बाद बस में यात्रा कर रहे अन्य यात्रियों में भी डर का माहौल बन गया। लोगों का कहना है कि अगर चलती बस के भीतर इस तरह की घटना हो सकती है, तो यह यात्रियों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े करता है।
पुलिस के लिए चुनौती
चलती बस में चोरी की घटना की जांच आसान नहीं होती, क्योंकि—
* आरोपी तुरंत भीड़ में घुलमिल जाता है
* कोई प्रत्यक्ष गवाह सामने नहीं आता
* घटना का समय और तरीका स्पष्ट नहीं होता
फिर भी पुलिस हर एंगल से मामले की जांच कर रही है।
क्या कहते हैं जानकार!
ऐसी घटनाओं में अक्सर गिरोह सक्रिय होते हैं, जो भीड़भाड़ वाली बसों को निशाना बनाते हैं। वे धीरे-धीरे यात्रियों के बीच घुलमिल जाते हैं और मौका मिलते ही गहने या कीमती सामान पार कर देते हैं।
यात्रियों के लिए जरूरी सावधानी
इस घटना के बाद पुलिस और विशेषज्ञों ने यात्रियों को सतर्क रहने की सलाह दी है—
* भीड़भाड़ में अपने कीमती सामान पर नजर रखें
* गले में पहने गहनों को खुले में न रखें
* संदिग्ध गतिविधि दिखे तो तुरंत सूचना दें
बलौदाबाजार में हुई यह घटना एक बार फिर दिखाती है कि अपराधी अब भीड़भाड़ वाली जगहों और सार्वजनिक परिवहन को निशाना बना रहे हैं। फिलहाल पुलिस जांच में जुटी है और उम्मीद है कि जल्द ही आरोपी का पता लगाकर कार्रवाई की जाएगी। तब तक यात्रियों के लिए सबसे बड़ा बचाव सतर्कता ही है।




















